प्रदेश की जनजातीय और शहरी आबादी को ज्यादा सुविधाएं पहुंचाने, सरकार ने मांगा अतिरिक्त बजट
भोपाल: मध्य प्रदेश की आदिवासी और शहरी आबादी को और सुविधाएं मिलने की बुधवार को उम्मीद जगी है। नगरीय निकायों ने वित्त आयोग के अध्यक्ष से उनके लिए अतिरिक्त बजट मांगा। आयोग के अध्यक्ष डॉ. अरविंद पनगढ़िया बुधवार को मध्य प्रदेश के दौरे पर रहे। उन्होंने बैठकों का दौर शुरू किया। नगरीय निकाय प्रतिनिधियों, सीएजी अधिकारियों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से सुझाव लिए। शाम को सीएम हाउस में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से भी मुलाकात की। सभी ने वित्त आयोग के अध्यक्ष का स्वागत किया।
16वें वित्त आयोग से प्रदेश को काफी उम्मीदें हैं। आयोग की अनुशंसा 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक पांच साल के लिए होगी। वित्त आयोग के अध्यक्ष डॉ. अरविंद पनगढ़िया, सदस्य अजय नारायण झा, एनी जॉर्ज मैथ्यू, डॉ. मनोज पांडा, डॉ. सौम्या कांति घोष, सचिव ऋत्विक पांडे और संयुक्त सचिव केके मिश्रा ने सीएम डॉ. मोहन यादव से मुलाकात की। इस दौरान डिप्टी सीएम जगदीश देवड़ा, राजेंद्र शुक्ला भी मौजूद रहे।

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