न्यू इंडिया कोऑपरेटिव बैंक के डिपॉजिटर्स के लिए खुशखबरी, इस दिन खातों में आएगा इंश्योरेंस का पैसा
न्यू इंडिया| कोऑपरेटिव बैंक के जमाकर्ताओं के लिए अच्छी खबर है! जिन लोगों का पैसा इस बैंक में जमा है, उन्हें जल्द ही इंश्योरेंस कवर का पैसा मिलेगा. भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने बैंक पर प्रतिबंध लगने के बाद यह जानकारी दी है. RBI ने बताया कि 5 लाख रुपए तक की रकम पूरी तरह सुरक्षित है. आपको बता दें कि रिजर्व बैंक ने न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक के खातों की जांच में कुछ खामियां पाई थी. इसमें को-ऑपरेटिव बैंक पर कई प्रतिबंध लगाए, जिसमें जमाकर्ताओं द्वारा धन की निकासी भी शामिल है. बैंक पर यह बैन बीते गुरुवार से अगले 6 महीनों के लिए लागू हो चुका है.
डिपॉजिट इंश्योरेंस एंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन (DICGC) के तहत 5 लाख रुपए तक का इंश्योरेंस कवर मिलेगा. बैंक के 90% से ज्यादा ग्राहकों का पैसा सुरक्षित है. DICGC के नियम 18A के अनुसार, ग्राहकों को भुगतान किया जाएगा. खाताधारक 45 दिनों के अंदर (30 मार्च 2025 तक) अपने सभी क्लेम से जुड़े कागजात (डॉक्यूमेंट्स) जमा करें. बैंक खाते से जुड़े सभी प्रमाणपत्र, एक वैकल्पिक बैंक खाते का नंबर और उसकी जानकारी दें. इससे पैसा सीधे आपके खाते में जमा हो जाएगा.
अगर आपको नया खाता खुलवाना है तो KYC दस्तावेज दे. नहीं तो आधार कार्ड से लिंक्ड बैंक खाता की जानकारी और एड्रेस प्रूफ जमा कराए. DICGC 14 मई 2025 से इंश्योरेंस के पैसे देना शुरू कर देगा. पैसा आपके बताए गए वैकल्पिक बैंक खाते में या आपकी अनुमति से आधार से जुड़े खाते में जमा किया जाएगा. सेल्फ डिक्लेरेशन देना होगा, जिसमें आपका नाम, बैंक और प्रतिबंधित बैंक खाता की जानकारी होनी चाहिए.
पीटीआई भाषा के सूत्रों के अनुसार भारतीय रिजर्व बैंक ने न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक के खातों की जांच में कुछ खामियां पाई थी. इसके बाद बैंक के चीफ कंप्लायंस ऑफिसर ने बृहस्पतिवार को मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा से संपर्क किया. उन्होंने कहा कि यह मामला बैंक के कुछ कर्मचारियों द्वारा धन के दुरुपयोग से जुड़ा है, हालांकि उन्होंने कुल राशि या इसमें शामिल लोगों की पहचान का खुलासा नहीं किया.

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